शेखपुरा में बुधवार को शहर के एक निजी सभागार में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में रालोमो प्रदेश प्रवक्ता सह प्रदेश महासचिव राहुल कुमार ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी की 'वोटर अधिकार यात्रा' पर तीखा वार किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि गांधी परिवार का इतिहास ही बिहारियों को अपमानित करने का रहा है। राहुल कुमार ने कहा कि जब पंजाब विधानसभा चुनाव चल रहे थे, तब प्रियंका गांधी वाड्रा वहां के तत्कालीन मुख्यमंत्री चन्नी के उस भाषण पर ताली बजा रही थीं, जिसमें उन्होंने बिहारियों को प्रतिबंधित करने की बात कही थी। यह गांधी परिवार की मानसिकता को दिखाता है। 'नेहरू की नीतियों से बिहार पिछड़ा' उन्होंने कहा कि राहुल गांधी के नाना पंडित जवाहर लाल नेहरू ने अपने पहले प्रधानमंत्री कार्यकाल (1948) में माल भाड़ा समानीकरण नीति लागू की, जिससे संयुक्त बिहार को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा और राज्य विकास की दौड़ में पीछे चला गया। इंदिरा गांधी के कार्यकाल का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि उस समय परिसीमन 25 साल तक रोक दिया गया, जिससे 'एक वोट-एक मूल्य' के सिद्धांत को ठेस पहुंची। 'परिसीमन पर बिहार को मिले उचित प्रतिनिधित्व' रालोमो प्रवक्ता ने कहा कि आज जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में परिसीमन होना है, तो राहुल गांधी के सहयोगी दल इसका विरोध कर रहे हैं। जबकि उपेन्द्र कुशवाहा की पार्टी ने पूरे बिहार में रैली कर लोगों को जागरूक किया है और जनसंख्या आधारित परिसीमन की मांग की है, ताकि बिहार को उचित प्रतिनिधित्व मिल सके। 'जंगलराज की याद दिलाई' राहुल कुमार ने तेजस्वी यादव और राहुल गांधी से सवाल किया कि क्या उन्हें 1990 से 2005 का बिहार याद है, जब अपहरण और अपराध चरम पर थे और सड़कें गड्ढों में गुम हो गई थीं। उन्होंने कहा कि आज बिहार की सड़कों और यातायात संपर्क में काफी सुधार हुआ है और राहुल गांधी को यह फर्क यात्रा के दौरान साफ दिखाई देगा। 'बिहारवासियों से मांगे माफी' उन्होंने मांग की कि राहुल गांधी बिहारवासियों से माफी मांगें। साथ ही कहा कि वोटर अधिकार यात्रा के दौरान औरंगाबाद व नवादा में राहुल गांधी के दावों की पोल खुल चुकी है। उन्होंने अपील की कि राहुल गांधी अफवाह फैलाने और संवैधानिक संस्थाओं का अपमान करने से बचें। प्रेस कॉन्फ्रेंस में बिपिन चौरसिया और जिलाध्यक्ष पप्पू राज मंडल भी मौजूद थे।