राजस्व महाअभियान के तहत राज्यभर में जमीन मालिकों का नाम, खाता, खेसरा, रकबा, लगान जैसी अशुद्धियों को ठीक किया जाएगा। ऑफलाइन जमाबंदी को डिजिटल प्लेटफॉर्म पर लाया जाएगा। रैयत की मृत्यु के बाद उत्तराधिकारियों के नाम पर जमाबंदी कराई जाएगी। संयुक्त जमाबंदी के मौखिक बंटवारे के बावजूद अंशधारकों के नाम से अलग जमाबंदी सुनिश्चित की जाएगी। हर पंचायत के सरकारी या अन्य सरकारी भवन में हल्कावार विशेष शिविर लगाए जाएंगे। इन शिविरों में भरे हुए आवेदन प्रपत्र जरूरी कागजातों के साथ जमा किए जा सकेंगे। रैयत द्वारा आवेदन जमा करने पर उनके मोबाइल पर ओटीपी भेजकर रजिस्ट्रेशन किया जाएगा। इसके बाद आवेदन पर की जा रही कार्रवाई की जानकारी रैयत को मिलती रहेगी। प्रत्येक हल्का में कम से कम 7 दिनों के अंतराल पर दो तिथियों में शिविर लगाए जाएंगे। रैयत पंचायतवार शिविर/मौजा के लिए गठित टीम का विवरण जान सकेंगे। सभी 537 अंचलों का माइक्रो प्लान जारी 16 अगस्त से 20 सितंबर तक चलने वाले राजस्व महाअभियान के लिए राज्य के सभी 537 अंचलों का माइक्रो प्लान जारी कर दिया गया है। इस माइक्रो प्लान में अंचल की सभी पंचायतों में दो–दो शिविर की तिथि तय की गई है। साथ ही जमाबंदी की प्रति और आवेदन प्रपत्र की प्रति भी मौजावार तैयार कर गठित टीम को सौंपी जा रही है। सीओ द्वारा अपने–अपने अंचलों का माइक्रो प्लान बनाकर विभाग के पोर्टल पर अपलोड कर दिया गया है। कोई भी व्यक्ति विभाग के पोर्टल पर जाकर अपने अंचल का माइक्रो प्लान देख सकता है। इस माइक्रो प्लान में पंचायत वार शिविर की तिथि, पंचायत वार तैनात राजस्व कर्मी और अमीन का नाम और नंबर लेकर उनसे संपर्क कर सकता है। विभाग की टीमें 16 अगस्त से घर-घर जाएंगी, प्रचार-प्रसार करेंगी विभाग के एसीएस ने बताया कि ग्राम वार प्रचार-प्रसार के लिए माइकिंग के साथ–साथ ग्रामीणों के बीच अभियान से संबंधित पंफलेट का वितरण किया जा रहा है। कोई भी रैयत अपने जनप्रतिनिधि से संपर्क कर अपनी पंचायत के माइक्रो प्लान की जानकारी ले सकता है। वहीं, मौजा के लिए गठित टीम घर–घर जाकर जमाबंदी की प्रति और आवेदन प्रपत्र उपलब्ध कराएगी। विभाग की टीमें 16 अगस्त से 15 सितंबर तक घर-घर जाकर लोगों को उनकी जमाबंदी की प्रति और आवेदन प्रपत्र देंगी। हल्का शिविर में उनसे आवेदन लेंगी।